44.5 C
नरसिंहपुर
May 21, 2024
Indianews24tv
मनोरंजन

रिलीज होते ही बॉक्स ऑफिस पर औंधे मुंह गिरीं ये 3 फिल्में, लेकिन बाद में बनीं कल्ट-क्लासिक, आज भी है इनकी दीवानगी


मुंबई. बॉलीवुड सिनेमा ऐसे दौर से गुजर रहा है जहां फिल्म की कमर्शियल सफलता ही उसकी गुणवत्ता तय करती है. अगर बॉक्स ऑफिस पर हिट है तो बल्ले-बल्ले, नहीं तो फिल्म गुमानामी में चली जाती है. लेकिन बॉलीवुड के ही कुछ दिग्गज फिल्म मेकर्स ने ऐसी फिल्में बनाईं हैं, जो भले ही बॉक्स ऑफिस पर फ्लॉप रहीं, लेकिन बाद में कल्ट क्लासिक कहलाईं. आज भी इन फिल्मों का कोई तोड़ नहीं है. सालों बाद भी लोग इन फिल्मों को काफी पसंद करते हैं.

1-साहिब बीवी और गुलाम: साल 1962 में रिलीज हुई फिल्म सहिब बीवी और गुलाम रिलीज को डायरेक्टर अबरार अल्वी ने डायरेक्ट किया था. ये फिल्म रिलीज होते ही बॉक्स ऑफिस पर फ्लॉप रही थी. 8 गानों से सजी ये फिल्म शुरुआत में दर्शकों के लिए तरसती रही. हालांकि बाद में इस फिल्म की कहानी ने कमाल दिखाया और लोगों का खूब दिल जीता. फिल्म को क्लासिक फिल्मों में गिना जाने लगा. 50 साल बाद भी इस फिल्म को एक बेहतरीन फिल्म माना जाता है. आज भी इस फिल्म की दीवानगी लोगों के सिर चढ़कर बोलती है. इस फिल्म को आईएमडीबी पर 10 में 8.1 की रेटिंग लोगों ने दी है.

2-कागज के फूल: बॉलीवुड की 10 सबसे बेहतरीन फिल्मों की बात की जाएगी तो ये फिल्म भी टॉप पर गिनी जाएगी. साल 1959 में रिलीज हुई फिल्म ‘कागज के फूल’ सबसे बेहतरीन फिल्मों में गिनी जाती है. गुरुदत्त और वहीदा रहमान स्टारर ये फिल्म गुरुदत्त ने खुद डायरेक्ट की थी. ये फिल्म रिलीज होते ही बॉक्स ऑफिस पर बुरी तरह पिट गई थी. हालांकि बाद में ये फिल्म लोगों को खूब पसंद आई. इस फिल्म को एक क्लासिक मूवी माना गया. इस फिल्म की कहानी आज भी लोगों को खूब भाती है. आईएमडीबी पर इस फिल्म को 10 में से 7.1 की रेटिंग लोगों ने दी है जो बॉलीवुड की कई बेहतरीन फिल्मों से ज्यादा है.

3-अलीगढ़: समलैंगिक संबंधों के मर्म को बताती फिल्म अलीगढ़ में मनोज बाजपेयी ने अपनी एक्टिंग से जान झोंक दी थी. ये फिल्म मनोज बाजपेयी के करियर की सबसे बेहतरीन फिल्मों में गिनी जाती है. ये फिल्म अलीगढ़ 2016 में रिलीज हुई थी. डायरेक्टर हंसल मेहता की ये फिल्म बॉक्स ऑफिस पर कोई कमाल नहीं कर पाई थी. लेकिन इस फिल्म को लोगों ने बाद में खूब प्यार दिया. ये फिल्म कला पक्ष के सभी पैमानों पर खरी उतरी और क्लासिल बन गई. आईएमडीबी पर इस फिल्म को 10 में से 7.8 की रेटिंग भी दी गई है.

FIRST PUBLISHED : May 14, 2024, 07:20 IST



Source link

Related posts

मनोज बाजपेयी के हाथ की बनी मटन करी खाना चाहते थे सुशांत सिंह राजपूत, मौत से 10 दिन पहले हुई थी बात – News18 हिंदी

Ram

कंधे पर बंदूक और 9 गोलियों से छलनी शरीर, होश खोया लेकिन जोश नहीं, अब फौजी की पर टिकी है kartik aryan की नैया?

Ram

1 हफ्ते में बजट का आधा भी नहीं वसूल पाई ‘योद्धा’, बॉक्स ऑफिस पर चारों खाने चित हुई ‘बस्तर: द नक्सल स्टोरी’

Ram

Leave a Comment